
10 नवंबर को Red Fort के पास हुए कार ब्लास्ट के बाद से राजधानी में सुरक्षा एजेंसियां लगातार हाई अलर्ट पर हैं। इसी सतर्कता के बीच, रविवार को दिल्ली पुलिस की Special Cell ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए Pakistan-based आतंकी नेटवर्क की साजिश को धराशायी कर दिया।
खुफिया इनपुट पर की गई कार्रवाई में तीन आतंकियों को गिरफ्तार किया गया है, जो पाकिस्तान की खुफिया एजेंसी ISI और कुख्यात आतंकी शहजाद भट्टी से लगातार संपर्क में बताए जा रहे हैं।
क्या करने वाले थे ये आतंकी?
Special Cell के मुताबिक, गिरफ्तार मॉड्यूल Gurdaspur Police Station पर ग्रेनेड अटैक और देश के कई महत्वपूर्ण स्थलों पर विस्फोट की तैयारी में था।
ये आतंकी सोशल मीडिया अकाउंट्स के जरिए पाकिस्तान-आधारित handlers से निर्देश ले रहे थे।
गिरफ्तारी उत्तर प्रदेश, पंजाब और मध्यप्रदेश के अलग-अलग इलाकों से हुई—जिससे अंदाज़ा लगता है कि नेटवर्क काफी फैला हुआ था।
गिरफ्तार आतंकियों की पहचान
स्पेशल सेल ने जिन तीन लोगों को पकड़ा है, उनकी पहचान इस प्रकार है—
- विकास प्रजापति उर्फ बेटू
- हरगुणप्रीत सिंह
- आसिफ उर्फ आरिश
इनके पास से semi-automatic pistol, 10 live cartridges, और कई मोबाइल बरामद हुए हैं। मोबाइल डेटा में शहजाद भट्टी से बातचीत, साजिश से जुड़े चैट और Gurdaspur पुलिस स्टेशन की रेकी के वीडियो मिले हैं।

देशभर के संवेदनशील स्थलों के वीडियो मिले
जांच में चौंकाने वाला तथ्य सामने आया—गिरफ्तार मॉड्यूल के पास से India के कई महत्वपूर्ण जगहों की वीडियो रिकॉर्डिंग भी मिली है।
जांच एजेंसियों को शक है कि ये बड़े हमलों की तैयारियों का हिस्सा थीं।
कौन है शहजाद भट्टी?
रिपोर्ट्स के अनुसार:
- मूल रूप से पाकिस्तान के पंजाब का रहने वाला
- उसके पास Moroccan passport
- UAE से ऑपरेट करता है
- India में आतंकी गतिविधियों का रिमोट-कंट्रोल मास्टरमाइंड
शहजाद भट्टी ISI और पाकिस्तानी गैंगस्टर्स के नेटवर्क के साथ मिलकर भारत में हमलों का तानाबाना बुनता है।
Special Cell की इस तेज कार्रवाई से एक बड़ा आतंकवादी मॉड्यूल समय रहते धराशायी हो गया। दिल्ली में हालिया ब्लास्ट के बाद यह गिरफ्तारी सुरक्षा एजेंसियों के लिए एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है।
